26 जनवरी गणतंत्र दिवस पर भाषण | 26 January Speech in Hindi

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26 January Speech in Hindi
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26 January Speech in Hindi

हर साल 26 जनवरी का दिन भारत के इतिहास में स्वर्णिम अक्षरों में लिखा होता है. ये वो दिन है जब 1950 में हमारे देश ने अपना संविधान लागू कर खुद को एक लोकतांत्रिक गणराज्य के रूप में स्थापित किया. ये स्वतंत्रता के बाद लिया गया एक ऐतिहासिक फैसला था, जिसने भारत को एक मजबूत, समृद्ध और आत्मनिर्भर राष्ट्र बनाने की नींव रखी.

गणतंत्र दिवस सिर्फ एक राष्ट्रीय अवकाश नहीं है, बल्कि ये एक ऐसा अवसर है जब हम अपने अतीत के गौरव को याद करते हैं, वर्तमान की उपलब्धियों का जश्न मनाते हैं और भविष्य के लिए संकल्प लेते हैं. आज के दिन हम उन महान स्वतंत्रता सेनानियों को याद करते हैं, जिनके बलिदान और संघर्षों ने हमें आजादी दिलाई. महात्मा गांधी, सुभाष चंद्र बोस, भगत सिंह, लाल बहादुर शास्त्री – ये ऐसे नाम हैं जिन्होंने अपना सब कुछ भारत की स्वतंत्रता के लिए न्योछावर कर दिया. उनके त्याग और बलिदान को हमेशा याद रखा जाएगा

Republic Day 2024: is it the 75th or 76 Republic Day

गणतंत्र दिवस भारत में एक राष्ट्रीय अवकाश (त्योहार) है जो उस तारीख की याद दिलाता है जिस दिन 26 जनवरी, 1950 को भारतीय संविधान प्रभावी हुआ था। इसने देश के शासी दस्तावेज़ के रूप में भारत सरकार अधिनियम, 1935 को प्रतिस्थापित किया और देश को एक नवगठित गणतंत्र में बदल दिया। यह दिन पूरे देश में परेड, भाषण और सांस्कृतिक नृत्यों के साथ मनाया जाता है।

इस वर्ष, गणतंत्र दिवस 26 जनवरी, 2024 को मनाया जाएगा। यह भारतीय संविधान को अपनाने की 75वीं वर्षगांठ होगी।

26 जनवरी का अर्थ (Meaning)

इस दिन का मतलब सिर्फ एक छुट्टी या उत्सव नहीं है. ये स्वतंत्रता के लिए हुए संघर्ष, लोकतंत्र के मूल्यों और राष्ट्रीय एकता का प्रतीक है. ये दिन हमें उन महापुरुषों को याद करने का स्मरण कराता है, जिन्होंने अपने त्याग और बलिदान से हमें ये अनमोल आज़ादी दिलाई. ये दिन भविष्य के लिए संकल्प लेने का भी अवसर है, जहां हम एक बेहतर, समृद्ध और समावेशी भारत बनाने का वचन लेते हैं.

गणतंत्र दिवस पर क्या होता है?

राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में गणतंत्र दिवस समारोह का मुख्य आयोजन होता है. राष्ट्रपति राजपथ पर ध्वजारोहण करते हैं, जिसके बाद विभिन्न सैन्य टुकड़ियों, झांकियों और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का भव्य प्रदर्शन होता है. देश के अलग-अलग राज्यों और केंद्र शासित प्रदेश भी अपने-अपने स्तर पर समारोह आयोजित करते हैं.

उद्धरण:

गणतंत्र दिवस के अवसर पर प्रसिद्ध हस्तियों के प्रेरक उद्धरणों को साझा करना एक अच्छा तरीका है. कुछ मशहूर उद्धरण इस प्रकार हैं:

  • “स्वतंत्रता मेरा जन्मसिद्ध अधिकार है और मैं इसे हासिल कर ही लूंगा, चाहे इसके लिए मुझे अपने प्राण ही क्यों न देने पड़ें.” – सुभाष चंद्र बोस
  • “एक सच्चा लोकतंत्र वह है जहां सत्ता का प्रयोग जनता, जनता के द्वारा और जनता के लिए किया जाता है.” – अब्राहम लिंकन
  • “नहीं कुछ बड़ा स्वतंत्रता से, नहीं कुछ ऊँचा सत्य से.” – महात्मा गांधी

शुभकामनाएं

अपने चाहने वालों को गणतंत्र दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं भेजकर इस खास दिन का आनंद बांटें. कुछ शुभकामनाएं इस प्रकार हैं:

  • “आपको और आपके परिवार को गणतंत्र दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं! तिरंगे के रंगों की तरह ही हमारा भविष्य भी उज्ज्वल और खुशहाल हो.”
  • “इस गणतंत्र दिवस पर हम देश की रक्षा का संकल्प लें और इसे एक और अधिक समृद्ध और समावेशी राष्ट्र बनाने का प्रयास करें.”
  • “स्वतंत्रता के इस पावन पर्व पर आइए हम लोकतंत्र के मूल्यों का सम्मान करें और एक बेहतर भारत बनाने का वचन लें.”

Why 26 January is Celebrated as Republic Day

1950 में इसी दिन भारतीय संविधान को अपनाने के उपलक्ष्य में भारत में 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस मनाया जाता है। भारतीय संविधान ने देश के शासकीय दस्तावेज के रूप में भारत सरकार अधिनियम, 1935 को प्रतिस्थापित किया और देश को एक नवगठित गणतंत्र में बदल दिया।

26 जनवरी की तारीख इसलिए चुनी गई क्योंकि इसी दिन 1930 में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस ने ब्रिटिश शासन की डोमिनियन स्थिति का विरोध करते हुए पूर्ण स्वराज का खुलासा किया था और इस तरह औपनिवेशिक शासन से भारत की आजादी की घोषणा की थी।

26 जनवरी गणतंत्र दिवस पर भाषण | 26 January Speech in Hindi

भाषण: आप भारत के इतिहास, संविधान के मूल्यों, राष्ट्रीय एकता और भविष्य के लक्ष्यों के बारे में बात कर सकते हैं.

संविधान का पावन प्रकाश:

भारतीय संविधान ज्ञान, अनुभव और दूरदर्शिता का एक ऐसा दस्तावेज है, जिसने हमें संप्रभु, समाजवादी, धर्मनिरपेक्ष, लोकतांत्रिक गणराज्य बनाया है। इसने न केवल हमें स्वतंत्रता का उपहार दिया, बल्कि समानता, न्याय, स्वतंत्रता और बंधुत्व के आदर्शों पर आधारित एक मजबूत समाज बनाने की राह भी दिखाई।

स्वतंत्रता सेनानियों का अमर बलिदान:

गणतंत्र दिवस हमें उन अनगिनत स्वतंत्रता सेनानियों के अथक संघर्ष और बलिदान को याद करने का अवसर देता है जिन्होंने अपने प्राणों की आहुति देकर हमें यह अनमोल आजादी दिलाई। महात्मा गांधी, नेताजी सुभाष चंद्र बोस, भगत सिंह, लाल बहादुर शास्त्री, सुभाष चंद्र बोस और अनेकों वीर सपूतों की गाथाएं हमें राष्ट्रप्रेम और त्याग की भावना से ओतप्रोत करती हैं।

विकास की गाथा:

स्वतंत्रता के बाद से भारत ने विकास की एक शानदार गाथा लिखी है। हमने कृषि, उद्योग, शिक्षा, स्वास्थ्य और तकनीक के क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति की है। आज भारत दुनिया का एक उभरता हुआ महाशक्ति है, जिसकी आवाज़ वैश्विक मंच पर गौर से सुनी जाती है।

चुनौतियों का सामना:

स्वतंत्रता प्राप्ति के बाद, भारत के सामने कई चुनौतियां थीं – गरीबी, बेरोजगारी, अशिक्षा, सांप्रदायिकता. लेकिन, हमारे अथक प्रयासों और लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति मज़बूत विश्वास ने हमें हर बाधा को पार करने का हौसला दिया.

आज, हम विश्व के अग्रणी देशों में से एक हैं, जिनकी अर्थव्यवस्था लगातार प्रगति कर रही है, वैज्ञानिक और तकनीकी क्षेत्र में नित्य नई उपलब्धियां हो रही हैं, और अंतरिक्ष एवं परमाणु क्षेत्र में हमने अपना परचम लहराया है.

भविष्य का सपना:

आने वाली पीढ़ी के लिए एक बेहतर भारत बनाने की जिम्मेदारी हमारी है। हमें शिक्षा, विज्ञान और प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में आगे बढ़ते हुए एक आत्मनिर्भर भारत का निर्माण करना होगा। हमें अपनी संस्कृति और परंपराओं को संजोते हुए विश्व बंधुत्व की भावना को अपनाना होगा।

गणतंत्र दिवस का संकल्प:

इस गणतंत्र दिवस पर आइए हम सब मिलकर संकल्प लें कि हम अपने कर्तव्य का पालन करेंगे, संविधान का सम्मान करेंगे और राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखेंगे। हम अपनी जिम्मेदारियों को समझेंगे और एक ऐसे भारत का निर्माण करेंगे जिस पर न सिर्फ हमें, बल्कि आने वाली पीढ़ियों को भी गर्व हो।

26 जनवरी: गणतंत्र दिवस का गौरव, भारत का भविष्य

26 जनवरी का दिन हमें यह भी याद दिलाता है कि हम एक लोकतांत्रिक गणराज्य हैं. हमारे संविधान ने हमें मौलिक अधिकार, कर्तव्य और स्वतंत्रता प्रदान की है. हमें इन अधिकारों का सम्मान करना चाहिए, अपने कर्तव्यों का ईमानदारी से पालन करना चाहिए, और स्वतंत्रता के दायरे का दुरुपयोग नहीं करना चाहिए.

भारत की स्वतंत्रता का सफर अहिंसा और बलिदान की अमर गाथा है. असंख्य स्वतंत्रता सेनानियों ने अंग्रेज़ी हुकूमत के अत्याचारों के खिलाफ दहाड़ते हुए अपने सर्वस्व अर्पित किए. महात्मा गांधी के अहिंसा के मार्ग और लाल बहादुर शास्त्री के आत्मनिर्भरता के संकल्प ने हमें शक्ति प्रदान की. इन महान हस्तियों के त्याग और बलिदान को हम कभी भुला नहीं सकते.

आज, लाल किले की प्राचीरों से गूंजता राष्ट्रगान, हमें 26 जनवरी के सार को याद दिलाता है – एकता, अखंडता, विकास और प्रगति. आइए, इस गौरवशाली दिन, हम संकल्प लें कि हम भारत को एक आदर्श राष्ट्र बनाएंगे, जो न सिर्फ आर्थिक रूप से बल्कि सामाजिक और नैतिक रूप से भी विश्व में अग्रणी होगा. आइए, भारत के परचम को और बुलंद करें, और देश के विकास में अपना सर्वस्व अर्पित करें.

  • तिरंगे का रंग हर दिल में छाए, 26 जनवरी का पावन दिन आया, गणतंत्र की धूम फिर मचाए। आज का दिन याद दिलाता है उस संघर्ष की कहानी को, जिसमें लाखों वीरों ने बलिदान दिया, पाने को आज़ादी को।
  • उन अमर शहीदों को करता हूं नमन, जिन्होंने देश को मुक्त कराया, उनके साहस और त्याग ने, स्वतंत्रता का सूरज जगाया। गांधी, नेहरू, सुभाष, भगत सिंह, अशफाकुल्ला खान, रानी लक्ष्मीबाई, हर गली-कूचे में गूंजते उनके नाम, गौरव से सिर ऊंचा कराए।
  • आज हम खुशहाल भारत में सांस ले रहे हैं, लेकिन जिम्मेदारी भी हमारी बढ़ी है, इस मिट्टी की रक्षा करना, सद्भावना और एकता की जड़ें मजबूत करनी है। गरीबों, असहायों की ओर बढ़ाएं मदद का हाथ, भेदभाव के जहर को मिटा दें, नफरत की अग्नि बुझाएं, भाईचारे का गीत गाएं, आतंकवाद की बीमारी को भगा दें।
  • बेटियां हैं देश की शक्ति, उन्हें मुक्त पंख दें उड़ने के, शिक्षा का दीप जलाएं उन बस्तियों में, जहां उजाला पहुंचना बाकी है। किसानों का हौसला बढ़ाएं, मेहनत का मूल्य समझें, उनके अथक परिश्रम से ही हमारी थाली भरती है, इसकी कद्र करें।
  • युवाओं की ऊर्जा को दिशा दें, सृजनशीलता को जगाएं, नए आविष्कारों से भारत का नाम रौशन करें, विश्वपटल पर छाए। स्वास्थ्य और पर्यावरण का ध्यान रखें, प्रकृति से प्रेम करें, नदियों को साफ करें, हरियाली बढ़ाएं, स्वस्थ और हरा-भरा भविष्य बनाएं।
  • आइए मिलकर एक ऐसा भारत बनाएं, जहां हर किसी को बराबरी का हक मिले, न्याय का ताज चमके, सच्चाई की आवाज़ बुलंद हो, भ्रष्टाचार की गंदगी मिटे। गणतंत्र दिवस का उत्साह दिल में जगाए रखें, संविधान के सिद्धांतों पर चलें, इस पावन दिन पर संकल्प लें, एक मजबूत, समृद्ध और गौरवशाली भारत बनें।

तो दोस्तों, आज खुशियां मनाएं, तिरंगे को फहराएं, गान गाएं, नारे लगाएं, 26 जनवरी का पावन दिन मनाएं, गणतंत्र का उमंग सबके संगे लाएं! “जय हिंद! जय भारत!”

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